“कांवड़ मेले के संबंध में व्यापारियों से जिलाधिकारी ने क्या कहा”

कावड़ मेला सकुशल संपन्न कराने को लेकर बैठक

हरिद्वार: जिलाधिकारी श्री विनय शंकर पाण्डेय एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ0 योगेन्द्र सिंह रावत ने मंगलवार को मेला नियंत्रण भवन(सीसीआर) में होटल/धर्मशाला एसोसिएशन एवं व्यापार मण्डल के पदाधिकारियों के साथ कांवड़ मेला-2022 को सकुशल सम्पन्न कराये जाने के सम्बन्ध में एक बैठक ली।
बैठक में जिलाधिकारी ने आगामी 14 जुलाई से 27 जुलाई,2022 तक की अवधि में होने वाली कांवड़ यात्रा का जिक्र करते हुये होटल/धर्मशाला एसोसिएशन एवं व्यापार मण्डल के पदाधिकारियों से पूर्व में हुईं कांवड़ यात्रा के अनुभवों को साझा करने का अनुरोध किया। इस पर होटल एसोसिएशन हरिद्वार के अध्यक्ष श्री आशुतोष शर्मा ने अपने अनुभव साझा करते हुये कहा कि अब कांवड़िये होटल व धर्मशालाओं में ठहरना पसन्द करते हैं। उन्होंने यह भी अवगत कराया कि किन-किन क्षेत्रों से कांवड़िये आते हैं, टेªन व बस से आने वाले कांवड़िये किन-किन क्षेत्रों की ओर रूख करते हैं,पार्किंग की कहां-कहां व्यवस्था की जा सकती है आदि बिन्दुओं के सम्बन्ध में अवगत कराया।
जिलाधिकारी ने बैठक में फ्लैक्सी फेयर, होटलों के किराये आदि के सम्बन्ध में भी जानकारी ली। इस पर व्यापारियों ने बताया कि होटलों के किराये आदि के सम्बन्ध में कभी भी कोई विवाद नहीं हुआ। जिलाधिकारी ने कहा कि होटलों में रेट लिस्ट अवश्य लगायें। कुछ लोग नशे की चीजों का भी प्रयोग करते हैं, ऐसे में व्यापारियों को सतर्क रहते हुये पैनी निगाह रखनी है। उन्होंने कहा कि जिस किसी की भी गलत हरकतों का पता चले, तो उसकी सूचना तुरन्त देना सुनिश्चित करें, सी0सी0टी0वी0 कैमरे अपने दुकानों में अवश्य स्थापित करें तथा उसकी रिकार्डिंग को सुरक्षित रखें व जहां सीसीटीवी स्थापित हैं, उनकी जांच अवश्य कर लें, कोंई भी कमरा बिना पहचान पत्र के उपलब्ध न कराया जाये। उन्होंने कहा कि कानून एवं व्यवस्था की स्थिति में तुरन्त पुलिस को सूचित करें। बैठक में अध्यक्ष धर्मशाला एसोसिएशन श्री नरेश गौड़ ने बताया कि धर्मशालाओं में 99 प्रतिशत सीसीटीवी लगे हैं तथा हम कोई भी कमरा बिना पहचान पत्र के नहीं देते हैं। उन्होंने हिल बाईपास को कांवड़ मेले के दौरान चालू किये जाने का अनुरोध किया।
बैठक में व्यापारियों द्वारा कांवड़ मेले के दौरान माल लाने तथा ले जाने में आने वाली दिक्कतों की ओर जिलाधिकारी का ध्यान आकर्षित किया। इस पर उन्होंने कहा कि कांवड़ मेले में विभिन्न अन्तरालों में जुटने वाली भीड़ को ध्यान मंे रखते हुये समय निर्धारित कर लिया जायेगा। व्यापारियों ने जीरो जोन तथा ट्रैफिक प्लान के सम्बन्ध में भी अपना पक्ष रखा। इस पर जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश किया कि जो भी ट्रैफिक प्लान बनाया जाता है, उसका विवरण व्यापारियों तथा सम्बन्धितों को अवश्य उपलब्ध कराया जाये। उन्होंने अधिकारियों को ये भी निर्देश दिये कि रेस्टोरेंटों का समय-समय पर रैण्डम सैम्पिल लिया जाये, जिसमें सैम्पिल लेते समय व्यापार मण्डल के प्रतिनिधि को भी शामिल किया जाये।
बैठक में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ0 योगेन्द्र सिंह रावत ने कहा कि दुकानों में कोई भी ऐसी चीज की बिक्री नहीं होनी चाहिये, जिसे हथियार के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि किसी भी शहर की व्यवस्था वहां के रहने वाले स्थानीय निवासियों से ही बनती है। जितना अच्छा सहयोग व्यवस्था बनाने में स्थानीय लोेगों का मिलेगा, वहां की व्यवस्था उतनी ही अच्छी होगी।
बैठक में होटल/धर्मशाला एसोसिएशन एवं व्यापार मण्डल के पदाधिकारियों ने कांवड़ मेले के सकुशल सम्पन्न कराने में अपना पूरा सहयोग देने का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी(प्रशासन) श्री पी0एल0 शाह, एमएनए श्री दयानन्द सरस्वती, सिटी मजिस्ट्रेट श्री अवधेश कुमार सिंह, एसडीएम श्री पूरन सिंह राणा, श्री कुलदीप शर्मा अध्यक्ष बजट होटल एसोसिएशन, श्री रवि अध्यक्ष भारत माता सप्त सरोवर व्यापार मंडल, श्री भुवन गोस्वामी, श्री संजीव नैयर जिला महामंत्री व्यापार मंडल, विजय शर्मा प्रांतीय सचिव व्यापार मंडल, श्री धमेन्द्र विश्नोई अध्यक्ष शिवालिक नगर व्यापार मंडल, श्री गौरव मेहता, श्री अमन शर्मा महामंत्री शहर व्यापार मंडल, श्री राहुल शर्मा संरक्षक गोरखनाथ व्यापार मंडल, श्री नवीन कुमार महामंत्री शिव गंगा व्यापार मंडल, श्री गोपाल किशन शिव गंगा व्यापार मंडल, श्री अरूण राघव, श्री सुधीर शर्मा सहित सम्बन्धित विभागों के अधिकारीगण तथा विभिन्न संगठनों के पदाधिकारीगण उपस्थित थे।