भारत माता मंदिर के संस्थापक की स्मृति में जुटे दिग्गज, ‘राघव कुटीर’ में पूर्व राष्ट्रपति ने किया पूजन
जूनापीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि जी महाराज के सान्निध्य में तीन दिवसीय महोत्सव आयोजित
हरिद्वार। सप्तसरोवर क्षेत्र स्थित सप्तऋषि मैदान में भारत माता मंदिर के संस्थापक, पद्म भूषण से अलंकृत ब्रह्मलीन स्वामी सत्यमित्रानंद गिरि जी महाराज की स्मृति में आयोजित तीन दिवसीय ‘समाधि मंदिर-मूर्ति स्थापना महोत्सव’ का भव्य शुभारंभ हुआ। 4 से 6 फरवरी 2026 तक चलने वाले इस समारोह का उद्घाटन भारत के 14वें राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने किया। यह महोत्सव जूनापीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि जी महाराज के सान्निध्य में आयोजित किया जा रहा है।
कार्यक्रम का आरंभ भारत माता मंदिर से आयोजन स्थल तक निकाली गई एक विशाल शोभायात्रा के साथ हुआ। पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने ब्रह्मलीन गुरुदेव के समाधि स्थल ‘राघव कुटीर’ में दर्शन-पूजन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि स्वामी सत्यमित्रानंद गिरि जी महाराज राष्ट्र की एक अमूल्य विभूति थे, जिन्होंने भारत माता मंदिर के माध्यम से देश की चेतना, एकता और अखंडता को मजबूत करने का ऐतिहासिक कार्य किया। उन्होंने समाज के वंचित और शोषित वर्ग की सेवा को ही अपना धर्म माना।
समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में पहुंचे महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने गुरुदेव के आध्यात्मिक और सामाजिक योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि स्वामी जी ने सनातन संस्कृति के प्रतीक के रूप में भारत माता को स्थापित कर समाज को जोड़ने का कार्य किया। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री फडणवीस ने राजनीतिक मुद्दों पर भी अपनी राय रखी। संसद में पूर्व सेना प्रमुख को लेकर राहुल गांधी द्वारा दिए गए बयान पर कड़ा पलटवार करते हुए फडणवीस ने कहा कि राहुल गांधी को झूठे आरोप लगाकर देश, सेना और शहीदों को बदनाम करने में ही रुचि दिखाई देती है। उन्होंने कहा कि केवल सुर्खियों में बने रहने के लिए इस तरह की बातें की जा रही हैं।
इस महोत्सव में पंजाब के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया और मध्य प्रदेश के उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल भी उपस्थित रहे। स्वामी अवधेशानंद गिरि जी महाराज ने सभी विशिष्ट अतिथियों और संत समाज का आभार व्यक्त करते हुए उन्हें सम्मानित किया। कार्यक्रम में श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंददेव गिरि, विधायक मदन कौशिक, प्रदीप बत्रा सहित भारी संख्या में संत, अधिकारी और श्रद्धालु मौजूद रहे।













