महिला सशक्तिकरण: हरिद्वार में महिला समूहों के लिए क्लाउड किचन प्रशिक्षण संपन्न
जनपद हरिद्वार में महिला समूहों को स्वावलंबी बनाने के लिए जिला प्रशासन की ओर से विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने ग्रामीण व्यवसाय इनक्यूबेटर सेंटर में आयोजित तीन दिवसीय ‘क्लाउड किचन’ प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन किया। पंजाब नेशनल बैंक के सीएसआर मद और राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के सहयोग से आयोजित इस शिविर में 30 महिलाओं को घर की रसोई से स्वरोजगार शुरू करने के गुर सिखाए गए। जिलाधिकारी ने महिलाओं का उत्साहवर्धन करते हुए गुणवत्ता, स्वच्छता और सोशल मीडिया के जरिए मार्केटिंग पर जोर देने को कहा। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षित महिलाओं को ज़ोमैटो और स्विग्गी जैसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से जोड़ने में प्रशासन सहयोग करेगा। मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र ने जानकारी दी कि प्रथम चरण में प्रशिक्षित 25 महिलाओं ने ‘गंगा रसोई’ के नाम से अपना कार्य सफलतापूर्वक शुरू कर दिया है।
HRDA ने अवैध निर्माण और अनधिकृत प्लॉटिंग के खिलाफ की सख्त कार्रवाई

हरिद्वार-रूड़की विकास प्राधिकरण (HRDA) ने अवैध निर्माण और अनधिकृत प्लॉटिंग के खिलाफ कड़ा रुख अख्तियार किया है। प्राधिकरण की टीम ने पुलिस बल के साथ मिलकर नूरपुर पंजनहेड़ी और जमालपुर क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई की। नूरपुर में बिना मानचित्र स्वीकृत कराए किए जा रहे आवासीय निर्माण को सील किया गया, जबकि जमालपुर कलां और सराय रोड पर लगभग 12 बीघा भूमि पर विकसित की जा रही अवैध प्लॉटिंग को जेसीबी की मदद से ध्वस्त कर दिया गया। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि बिना अनुमति के किए जाने वाले किसी भी निर्माण को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
नगर निगम ने अवैध अतिक्रमण हटवाए, अतिक्रमण कारियों को दी चेतावनी

शहर को अतिक्रमण मुक्त बनाने के लिए नगर निगम हरिद्वार द्वारा विशेष अभियान चलाया गया। नगर आयुक्त नंदन कुमार के निर्देशन में टीम ने सिंहद्वार से शंकर आश्रम तक कार्रवाई करते हुए अवैध ठेलियों को जब्त किया। दोपहर की पाली में ब्रह्मपुरी क्षेत्र और सरकारी महिला अस्पताल के पास नालियों व सड़कों पर किए गए 20 से अधिक पक्के अतिक्रमणों को हटाया गया। उप नगर आयुक्त दीपक गोस्वामी ने चेतावनी दी है कि सार्वजनिक मार्गों को अवरुद्ध करने वालों के खिलाफ निरंतर कार्रवाई जारी रहेगी।
चारधाम यात्रा 2026: 10 अप्रैल को होगी मॉक ड्रिल आयोजित

चारधाम यात्रा 2026 की सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर भी प्रशासन अलर्ट मोड पर है। आपदा प्रबंधन की तैयारियों को परखने के लिए 10 अप्रैल को भव्य मॉक ड्रिल आयोजित की जाएगी। इससे पूर्व आयोजित टेबल टॉप एक्सरसाइज में अधिकारियों ने यात्रा मार्गों के संवेदनशील क्षेत्रों की जीआईएस मैपिंग और संसाधनों की तैनाती पर चर्चा की। अपर जिलाधिकारी पी.आर. चौहान ने बताया कि यात्रा को सुव्यवस्थित करने के लिए 26 नोडल अधिकारी तैनात किए गए हैं और ऋषिकुल मैदान में ऑफलाइन पंजीकरण के लिए 20 काउंटर तैयार किए जा रहे हैं।
ब्राह्मण समाज के विभिन्न संगठनों की संयुक्त बैठक

धार्मिक और सामाजिक क्षेत्र में भी हलचल तेज रही। रानीपुर मोड़ स्थित एक होटल में ब्राह्मण समाज के विभिन्न संगठनों की संयुक्त बैठक हुई, जिसमें “ब्राह्मण समाज संयुक्त मंच” के गठन पर सहमति बनी। इस दौरान महंत रविन्द्र पुरी के मार्गदर्शन में समाज की एकजुटता और यूजीसी की कुछ नीतियों के विरोध पर चर्चा की गई। वहीं, श्रीगीता विज्ञान आश्रम में स्वामी विज्ञानानंद सरस्वती ने गीता प्रचार सप्ताह के समापन पर कहा कि धर्म और शास्त्र ही विकास के मूल आधार हैं और अभिमान विनाश का कारण बनता है।
पर्यटन के क्षेत्र में सरकार के निर्णय का विरोध शुरू

संयुक्त मोर्चा पर्यटन उद्योग से जुड़े व्यवसायियों ने चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की संख्या सीमित किए जाने के फैसले के खिलाफ सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय पर प्रदर्शन किया। होटल और ट्रैवल संचालकों का तर्क है कि इस पाबंदी से उनकी आजीविका पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर इस निर्णय पर पुनर्विचार करने की मांग की है।














