चारधाम यात्रा से पूर्व देहरादून में मेगा मॉक ड्रिल का आयोजन
देहरादून। आगामी चारधाम यात्रा-2026 की तैयारियों को परखने के लिए शुक्रवार को देहरादून में व्यापक मॉक ड्रिल आयोजित की गई। एनडीएमए और यूएसडीएमए के तत्वावधान में ऋषिकेश ट्रांजिट कैंप, रिस्पना नदी और गांधी शताब्दी अस्पताल जैसे संवेदनशील स्थानों पर एक साथ अभ्यास किया गया। जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देशन में आयोजित इस ड्रिल में आगजनी, भारी भीड़ और बादल फटने जैसी स्थितियों में राहत एवं बचाव कार्य का सफल प्रदर्शन किया गया। एनडीएमए के विशेषज्ञों ने टीमों के समन्वय और त्वरित निर्णय क्षमता की सराहना की।
जिलाधिकारी के हस्तक्षेप से सुलझा वर्षों पुराना भूमि विवाद

देहरादून। जनता दरबार में आए एक पुराने मामले पर संज्ञान लेते हुए जिलाधिकारी सविन बंसल ने वर्षों से लटके भूमि सीमांकन कार्य को पूर्ण कराया। फरियादी उम्मेद सिंह ने डोईवाला तहसील के अंतर्गत अपने पुत्र की भूमि पर अवैध कब्जे और सीमांकन में हो रही देरी की शिकायत की थी। जिलाधिकारी की सख्ती के बाद तहसील प्रशासन ने तत्काल कार्यवाही करते हुए मौजा बक्सरवाला में खसरा संख्या 132क, 138ख और 139 का सीमांकन कार्य पुलिस बल और राजस्व विभाग की मौजूदगी में संपन्न कराया।
पत्रकारों की समस्याओं के निस्तारण को सरकार प्रतिबद्ध: आशीष त्रिपाठी

हल्द्वानी। सूचना एवं लोक संपर्क विभाग के अपर निदेशक आशीष कुमार त्रिपाठी ने हल्द्वानी मीडिया सेंटर में पत्रकारों के साथ संवाद किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशानुसार पत्रकारों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। बैठक में मान्यता नवीनीकरण, स्वास्थ्य सुविधाओं और पत्रकार कल्याण कोष से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हुई। अपर निदेशक ने आश्वासन दिया कि हल्द्वानी में आधुनिक मीडिया सेंटर की स्थापना का प्रस्ताव शासन को भेजा जा चुका है और जल्द ही निर्माण कार्य शुरू होगा।
4. शिक्षण संस्थानों के पास तंबाकू बेचने वालों पर प्रशासन की बड़ी कार्रवाई

नैनीताल/रामनगर। स्कूलों और कॉलेजों के 100 मीटर के दायरे में नशीले पदार्थों की बिक्री रोकने के लिए जिला प्रशासन ने सख्त अभियान चलाया। जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल के निर्देश पर रामनगर, गरमपानी, भीमताल और कालाढूंगी क्षेत्रों में संयुक्त छापेमारी की गई। नियमों का उल्लंघन करने वाले दुकानदारों के चालान किए गए और भारी जुर्माना वसूला गया। प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि शिक्षण संस्थानों के पास तंबाकू उत्पाद बेचना दंडनीय अपराध है और यह चेकिंग अभियान भविष्य में भी जारी रहेगा।













