उत्तराखंड एसटीएफ (STF) ने ब्रांडेड कंपनियों के नाम पर नकली दवाइयां बनाने और बेचने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल की है। टीम ने रुड़की और देवबंद में दबिश देकर गिरोह के 3 और मुख्य आरोपियों (नरेश धीमान, लोकेश गुलाटी और मोहतरम अली) को गिरफ्तार किया है।
मामले के मुख्य बिंदु:
- कुल गिरफ्तारियां: जून 2025 में सेलाकुई (देहरादून) से शुरू हुई इस जांच में अब तक कुल 16 आरोपी सलाखों के पीछे जा चुके हैं।
- बरामदगी: आरोपियों के पास से 263 किलो पैरासिटामोल, 2490 किलो जिंक पाउडर और हजारों की संख्या में नकली टेबलेट्स बरामद की गई हैं। राजकीय लैब की जांच में दवाइयों के सैंपल और पैकिंग मटेरियल पूरी तरह नकली पाए गए हैं।
- कार्यप्रणाली: यह गिरोह प्रतिष्ठित कंपनियों के नकली रैपर, क्यूआर कोड और आउटर बॉक्स तैयार कर बाजार में नकली दवाइयों की सप्लाई करता था।
- कड़ी कार्रवाई: एसएसपी एसटीएफ अजय सिंह के अनुसार, इस संगठित अपराध में शामिल गैंग के अन्य सदस्यों की कुंडली खंगाली जा रही है और अन्य राज्यों से भी जानकारी जुटाई जा रही है।














