मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में 25 फरवरी 2026 को संपन्न हुई कैबिनेट बैठक राज्य के भविष्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण रही। इस बैठक में न केवल वित्तीय प्रबंधन, बल्कि सामाजिक और प्रशासनिक सुधारों की दिशा में भी कड़े फैसले लिए गए।
नीचे इन फैसलों का विस्तृत विवरण दिया गया है:
ऐतिहासिक बजट 2026-27 को मंजूरी
कैबिनेट ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए ₹1.11 लाख करोड़ के अनुमानित बजट प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी है। यह उत्तराखंड के इतिहास का अब तक का सबसे बड़ा बजट है।
- लक्ष्य: इस बजट का मुख्य केंद्र बुनियादी ढांचा (Infrastructure), स्वरोजगार और सीमावर्ती क्षेत्रों का विकास है।
- रणनीति: पिछले वर्ष के मुकाबले बजट में लगभग 10% की वृद्धि की गई है। मुख्यमंत्री को यह अधिकार दिया गया है कि वे बजट सत्र के दौरान आवश्यकतानुसार अंतिम क्षणों में तकनीकी संशोधन कर सकें।
‘जन विश्वास’ संशोधन: व्यापार में आसानी (Ease of Doing Business)
राज्य में निवेश और व्यापार को सुगम बनाने के लिए कैबिनेट ने ‘जन विश्वास’ पहल के तहत सात महत्वपूर्ण कानूनों में संशोधन किया है।
- दंडात्मक सुधार: अब तक छोटे व्यापारिक नियमों के उल्लंघन पर जो जेल की सजा का प्रावधान था, उसे हटा दिया गया है।
- आर्थिक जुर्माना: सजा के बदले अब केवल आर्थिक दंड (Penalty) लगाया जाएगा। इससे व्यापारियों में अनावश्यक डर खत्म होगा और राज्य में ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ को बढ़ावा मिलेगा।
समान नागरिक संहिता (UCC) में संशोधन विधेयक
उत्तराखंड देश का पहला राज्य है जिसने UCC लागू करने की दिशा में कदम बढ़ाए हैं। इस बैठक में UCC में कुछ संशोधनों को मंजूरी दी गई।
- विधेयक प्रस्तुति: आगामी बजट सत्र में सरकार UCC संशोधन विधेयक पेश करेगी।
- संशोधन का उद्देश्य: इसमें मुख्य रूप से दंड प्रावधानों को अधिक व्यावहारिक बनाने और पंजीकरण की प्रक्रियाओं को सरल करने पर ध्यान दिया गया है, ताकि आम जनता को कानून के अनुपालन में कठिनाई न हो।
स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार और ‘विशेष कैडर’
चारधाम यात्रा और दुर्गम क्षेत्रों में स्वास्थ्य व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए दो बड़े फैसले लिए गए:
- चारधाम स्वास्थ्य कैडर: यात्रा मार्ग पर डॉक्टरों की कमी को दूर करने के लिए एक अलग हेल्थ कैडर बनाने पर सहमति बनी है। इसमें शामिल डॉक्टरों को विशेष प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
- बॉन्डधारी डॉक्टरों के लिए PG नीति: सरकारी अस्पतालों में सेवा दे रहे बॉन्डधारी डॉक्टरों को उच्च शिक्षा (PG) के लिए बेहतर अवसर प्रदान करने हेतु नीतिगत बदलाव किए गए हैं।
उत्तराखंड ग्रीन हाइड्रोजन नीति 2026
पर्यावरण संरक्षण और अक्षय ऊर्जा की दिशा में उत्तराखंड ने बड़ी छलांग लगाई है।
- ग्रीन एनर्जी: कैबिनेट ने नई ग्रीन हाइड्रोजन नीति को मंजूरी दी है। इसके तहत राज्य में ग्रीन हाइड्रोजन उत्पादन इकाइयों को सब्सिडी और टैक्स में छूट दी जाएगी।
- पर्यावरण लक्ष्य: इसका उद्देश्य राज्य की कार्बन निर्भरता को कम करना और नए तकनीकी क्षेत्रों में युवाओं के लिए रोजगार पैदा करना है।
जल प्रबंधन और विश्व बैंक परियोजनाएं
बढ़ती जल समस्या और शहरीकरण को देखते हुए कैबिनेट ने Treated Water Reuse Policy (उपचारित जल पुन: उपयोग नीति) को अपनाया है।
- विश्व बैंक सहयोग: विश्व बैंक की सहायता से चल रही जलापूर्ति योजनाओं के बजट और कार्यक्षेत्र के विस्तार को मंजूरी दी गई। अब सीवरेज के उपचारित पानी का उपयोग औद्योगिक और बागवानी कार्यों में अनिवार्य किया जाएगा।
आगामी कदम
कैबिनेट के इन सभी निर्णयों को 9 मार्च 2026 से गैरसैंण (भराड़ीसैंण) में शुरू होने वाले बजट सत्र के दौरान सदन के पटल पर रखा जाएगा।














