हरिद्वार। तीर्थनगरी के रिहायशी इलाकों में जंगली जानवरों की दस्तक थमने का नाम नहीं ले रही है। ताज़ा मामला भेल (BHEL) से सटी सुभाष नगर कॉलोनी का है, जहाँ मंगलवार देर रात एक गुलदार के घुस आने से पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। गुलदार की यह सक्रियता वहां लगे एक सीसीटीवी (CCTV) कैमरे में कैद हो गई है।
गली नंबर बी-11 में दिखा गुलदार
प्राप्त जानकारी के अनुसार, घटना सुभाष नगर की गली नंबर बी-11 की है। मंगलवार की रात जब लोग अपने घरों में सो रहे थे, तभी जंगल की ओर से निकलकर एक गुलदार आबादी वाले क्षेत्र में दाखिल हो गया। सीसीटीवी फुटेज में स्पष्ट देखा जा सकता है कि गुलदार काफी देर तक गली में बेखौफ होकर टहलता रहा। वह संभवतः शिकार की तलाश में था या बाहर निकलने का रास्ता ढूंढ रहा था।
कुत्तों के भौंकने से वापस लौटा वन्यजीव
गुलदार को देखते ही गली के कुत्तों ने शोर मचाना शुरू कर दिया। कुत्तों के लगातार भौंकने और विरोध के कारण गुलदार घबरा गया। स्थानीय लोगों का मानना है कि शोर बढ़ने की वजह से ही गुलदार किसी बड़े हमले को अंजाम दिए बिना वापस पास के घने जंगल की ओर भाग निकला। सुबह जब निवासियों ने सीसीटीवी फुटेज देखी, तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई।
राजाजी टाइगर रिजर्व से सटा है इलाका
सुभाष नगर के निवासियों ने बताया कि यह कॉलोनी एक तरफ भेल (BHEL) और दूसरी तरफ राजाजी टाइगर रिजर्व की सीमा से लगी हुई है। जंगल और रिहायशी इलाके के बीच पुख्ता घेराबंदी न होने के कारण अक्सर गुलदार, हाथी और अन्य वन्यजीव आबादी की ओर रुख कर लेते हैं। इससे पहले भी इस क्षेत्र में वन्यजीवों की मौजूदगी दर्ज की गई है।
स्थानीय लोगों ने की गश्त बढ़ाने की मांग
इस घटना के बाद से क्षेत्र में भारी दहशत का माहौल है। बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा को लेकर लोग खासे चिंतित हैं। स्थानीय निवासियों ने वन विभाग के अधिकारियों से निम्नलिखित मांगें की हैं:
- क्षेत्र में वन विभाग की गश्त (Patrolling) तुरंत बढ़ाई जाए।
- गुलदार को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया जाए।
- जंगल से सटे संवेदनशील रास्तों पर उचित बाड़ या दीवार का इंतजाम हो।














