हरिद्वार में स्वतंत्रता दिवस : हरिद्वार जनपद में स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम कहा- कहाँ, देखें पूरी खबर

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डी.पी.एस. दौलतपुर में हर्षाेल्लासपूर्वक मनाया गया स्वतंत्रता दिवस

हरिद्वार: डी.पी.एस. दौलतपुर में 79वां स्वतंत्रता दिवस अत्यंत हर्षाेल्लास के साथ मनाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती पूनम श्रीवास्तव द्वारा ध्वजारोहण से हुई। इसके उपरांत समस्त उपस्थितजनों ने गर्व के साथ राष्ट्रगान जन गण मन का सामूहिक गायन किया।समारोह में छात्रों द्वारा देशभक्ति गीत,कविताएं और भाषण प्रस्तुत किए गए। कक्षा 7वीं और 8वीं के विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत नृत्य-नाटिका शहीदों को नमन ने सभी को भावविभोर कर दिया। इस अवसर पर प्रधानाचार्या ने अपने प्रेरणादायक संबोधन में स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान और हमारे देश की आज़ादी के महत्व पर प्रकाश डाला।उन्होंने विद्यार्थियों को देशप्रेम,जिम्मेदारी और शिक्षा की अहमियत को समझाया।कार्यक्रम का समापन मिठाई वितरण के साथ हुआ।समस्त विद्यालय परिवार ने इस आयोजन को सफल बनाने में सक्रिय सहभागिता निभाई।

प्रेस क्लब ने धूमधाम से मनाया स्वतंत्रता दिवस

हरिद्वार में प्रेस क्लब ने 79वां स्वतंत्रता दिवस बड़े ही उत्साह और हर्षोल्लास के साथ मनाया। क्लब के अध्यक्ष धर्मेंद्र चौधरी ने ध्वजारोहण किया, जिसमें बड़ी संख्या में पत्रकार शामिल हुए। ध्वजारोहण के बाद, एक गोष्ठी का आयोजन किया गया जिसमें देश की आजादी के लिए अपने प्राणों का बलिदान देने वाले अमर शहीदों पर चर्चा हुई।

गोष्ठी में प्रेस क्लब के महामंत्री दीपक मिश्रा और मेहताब आलम ने देशभक्ति के गीत प्रस्तुत किए। अध्यक्ष धर्मेंद्र चौधरी और महामंत्री दीपक मिश्रा ने देश के नायकों के बलिदान की सराहना करते हुए उनके विचारों को अपनाने और राष्ट्र को मजबूत करने का आह्वान किया। वरिष्ठ पत्रकार रजनीकांत शुक्ला और आदेश त्यागी ने भी सभी को बधाई दी और शहीदों के सपनों के अनुरूप देश को आगे बढ़ाने की बात कही। कार्यक्रम का संचालन हिमांशु द्विवेदी ने किया।

जिला बार एसोसिएशन ने मनाया स्वतंत्रता दिवस, बच्चों को किया सम्मानित

हरिद्वार में जिला बार एसोसिएशन ने भी 79वां स्वतंत्रता दिवस बड़े उत्साह के साथ मनाया। इस अवसर पर जिला जज नरेंद्र दत्त मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे और उन्होंने ध्वजारोहण किया।
कार्यक्रम में अधिवक्ताओं के प्रतिभाशाली बच्चों को सम्मानित किया गया। वरिष्ठ अधिवक्ता दिनेश वर्मा की बेटी अमृषा वर्मा को इंटरमीडिएट में 90% अंक लाने पर विशेष रूप से सम्मानित किया गया। इसके अलावा, अन्य बच्चों को भी जिन्होंने खेल और पढ़ाई में 70% से अधिक अंक प्राप्त किए, उन्हें प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
जिला जज ने इस बात पर प्रसन्नता व्यक्त की कि बार और बेंच मिलकर स्वतंत्रता दिवस मना रहे हैं। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट संदीप कुमार ने कहा कि देश आजादी के बाद से लगातार प्रगति कर रहा है। अधिवक्ताओं ने जिला बार संघ के अध्यक्ष नामित शर्मा का आभार व्यक्त किया, जिन्होंने इस सम्मान समारोह की शुरुआत की, जिससे बच्चों का उत्साह बढ़ा है। इस कार्यक्रम में कई अधिवक्ता और महिला अधिवक्ता भी मौजूद रहे।

बीएचईएल, हरिद्वार में 79वाँ स्वतंत्रता दिवस समारोह

हरिद्वार स्थित बीएचईएल (BHEL) में 79वाँ स्वतंत्रता दिवस बड़े धूमधाम से मनाया गया। मुख्य समारोह स्पोर्ट्स स्टेडियम में आयोजित किया गया, जहाँ बीएचईएल हरिद्वार के महाप्रबंधक रंजन कुमार ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया।
इस अवसर पर, उपनगरी के स्कूलों के छात्रों और सीआईएसएफ (CISF) की प्लाटूनों ने मार्च पास्ट कर देश के प्रति अपनी निष्ठा व्यक्त की। रंजन कुमार ने अपने संबोधन में देश के शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए आजादी को बनाए रखने का संकल्प दोहराया। उन्होंने बीएचईएल की प्रमुख उपलब्धियों और भविष्य की योजनाओं पर भी प्रकाश डाला।
समारोह में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्रों, सीआईएसएफ कर्मियों, और सर्वश्रेष्ठ प्लाटूनों को सम्मानित किया गया। बीएचईएल हरिद्वार लेडीज क्लब की संरक्षिका नंदन कुमारी ने एकता का प्रतीक तिरंगा गुब्बारे प्रदर्शित किए। मुख्य कार्यक्रम के बाद, रंजन कुमार और नंदन कुमारी ने मुख्य चिकित्सालय में मरीजों को फल वितरित किए और उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली।

शांतिकुंज और देवसंस्कृति विश्वविद्यालय में स्वतंत्रता दिवस का उल्लास

गायत्री तीर्थ शांतिकुंज, देवसंस्कृति विश्वविद्यालय (देसंविवि) और गायत्री विद्यापीठ में भी 79वाँ स्वतंत्रता दिवस पूरे उत्साह के साथ मनाया गया। परिसर में देशभक्ति का माहौल साफ झलक रहा था।
मुख्य कार्यक्रम में, देसंविवि के कुलाधिपति डॉ. प्रणव पण्ड्या और संस्था की अधिष्ठात्री श्रद्धेया शैलदीदी ने ध्वजारोहण किया। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता केवल एक राजनीतिक अधिकार नहीं है, बल्कि यह आत्मनिर्भरता और राष्ट्र पुनर्निर्माण का अवसर है।
देसंविवि के प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पण्ड्या ने अपने संबोधन में ‘राष्ट्र की सुरक्षा प्रथम’ का संकल्प लेने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि देश को अपने नागरिकों की सजगता और समर्पण की आवश्यकता है, क्योंकि राष्ट्र की रक्षा केवल सैनिकों का ही नहीं, बल्कि हर जागरूक नागरिक का धर्म है। इस उद्देश्य से शांतिकुंज में एक विशेष प्रशिक्षण शिविर शुरू किया जा रहा है, जिसमें सेना और पुलिस सेवा के प्रशिक्षित विशेषज्ञ शारीरिक और मानसिक प्रशिक्षण देंगे।
इस अवसर पर गायत्री विद्यापीठ के छात्र-छात्राओं ने देशभक्ति गीतों, नृत्य और लघुनाटकों की रंगारंग प्रस्तुतियाँ दीं, जिसने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया।