

हरिद्वार जिला प्रशासन ने बिना पंजीकरण चल रहे मदरसों पर एक बार फिर कड़ी कार्रवाई की है। अल्पसंख्यक कल्याण विभाग, उत्तराखंड सरकार के निर्देशानुसार, हरिद्वार के जिलाधिकारी कर्मेंद्र सिंह ने राजस्व विभाग, पुलिस विभाग, अल्पसंख्यक कल्याण विभाग, शिक्षा विभाग, एचआरडीए और समाज कल्याण विभाग की एक संयुक्त टीम का गठन किया है। इस टीम को बिना पंजीकरण चल रहे मदरसों की जांच करने और उन्हें सील करने का आदेश दिया गया है।
इस आदेश के तहत, 25 अगस्त, 2025 को तहसीलदार हरिद्वार प्रियंका रानी, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी इष्सिता रावत, थानाध्यक्ष सिडकुल मनोहर भंडारी, थानाध्यक्ष रानीपुर कमल मोहन भंडारी और खंड शिक्षा अधिकारी बहादराबाद की संयुक्त टीम ने नवोदय नगर सलेमपुर और रादूपुर गोविंदपुर में बिना पंजीकरण चल रहे 5 मदरसों को सील कर दिया।
जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी ने मदरसों के संचालकों को मदरसा मान्यता नियमावली के अनुसार मानकों को पूरा करने और पंजीकरण कराने के लिए नोटिस जारी किया है। ऐसा इसलिए किया गया है ताकि इन मदरसों में पढ़ने वाले बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
इस कार्रवाई के दौरान, पुलिस और प्रशासन की टीम के साथ भारी पुलिस बल मौजूद था।














