हरिद्वार: वरिष्ठ जेल अधीक्षक मनोज आर्य ने स्पष्ट किया है कि 7 अप्रैल 2025 को हरिद्वार जिला कारागार में आयोजित स्वास्थ्य शिविर में 15 बंदियों के एचआईवी पॉजिटिव निकलने की खबर गलत और भ्रामक है। उन्होंने बताया कि उस शिविर में टीबी की जांच हुई थी, न कि एचआईवी की।
उन्होंने आगे बताया कि जेल में प्रवेश करने वाले सभी बंदियों का नियमित स्वास्थ्य परीक्षण किया जाता है, जिसमें एचआईवी टेस्ट भी शामिल है। समय-समय पर जांच में कुल 23 बंदियों में एचआईवी के लक्षण पाए गए थे, जिनमें से कुछ 1 से 10 महीने से जेल में हैं। इन सभी एचआईवी पॉजिटिव बंदियों का एआरटी सेंटर में इलाज चल रहा है।
2025-04-09













