उत्तराखंड संक्षिप्त: देहरादून जनपद की ताजा खबरें, यहां देखें

Listen to this article

कालसी में बहुउद्देशीय शिविर: 354 ग्रामीणों को मिला सीधा लाभ

​देहरादून के कालसी ब्लॉक के दूरस्थ गांव माख्टी में आयोजित बहुउद्देशीय शिविर ग्रामीणों के लिए वरदान साबित हुआ। “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” अभियान के तहत लगे इस शिविर में उपजिलाधिकारी डॉ. हर्षिता सिंह ने जनसुनवाई की।

  • समाधान: कुल 38 शिकायतों में से अधिकांश का मौके पर ही निस्तारण किया गया।
  • वितरण: 101 लोगों की स्वास्थ्य जांच हुई, 5 मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट और 10 किशोरी किट बांटी गईं।
  • अन्य सेवाएँ: 35 किसानों को कृषि उपकरण, 50 पशुपालकों को दवाइयां और 14 नई पेंशन स्वीकृत की गईं।

‘प्रोजेक्ट उत्कर्ष’: देहरादून के 168 स्कूलों में अब स्मार्ट टीवी से होगी पढ़ाई

​जिलाधिकारी सविन बंसल की पहल पर देहरादून के राजकीय माध्यमिक विद्यालयों का कायाकल्प होने जा रहा है। 3.67 करोड़ रुपये की लागत से ‘प्रोजेक्ट उत्कर्ष’ के तहत डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा दिया जा रहा है।

  • तकनीक: 168 स्कूलों में 884 स्मार्ट टीवी लगाए जा रहे हैं (छोटे कमरों के लिए 43 इंच और बड़े कमरों के लिए 55 इंच)।
  • सुविधा: छात्र अब ऑडियो-वीडियो कंटेंट, दीक्षा पोर्टल और ई-लर्निंग मॉड्यूल के जरिए पढ़ सकेंगे।
  • पारदर्शिता: जेम (GeM) पोर्टल के माध्यम से पारदर्शी तरीके से टेंडर प्रक्रिया पूरी कर कार्यादेश जारी कर दिए गए हैं।

राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह 2026: वैज्ञानिक जांच पर दिया गया जोर

​देहरादून में सड़क सुरक्षा माह के तहत वाहन दुर्घटना ‘क्रैश इन्वेस्टिगेशन’ पर एक वैज्ञानिक प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल और जिलाधिकारी की मौजूदगी में सड़क हादसों को रोकने हेतु डेटा-आधारित रणनीति पर चर्चा हुई।

  • सकारात्मक आंकड़े: देहरादून में वर्ष 2024 की तुलना में 2025 में सड़क दुर्घटनाओं में 11.94% की कमी दर्ज की गई है।
  • मुख्य बिंदु: दुर्घटनाओं के पीछे मानवीय भूल के साथ-साथ रोड इंजीनियरिंग और ओवरस्पीडिंग की पहचान करने के लिए वैज्ञानिक जांच को अनिवार्य बताया गया।
  • अपील: दोपहिया वाहनों पर चालक और पीछे बैठने वाले, दोनों के लिए हेलमेट पहनना अनिवार्य बताया गया।

दवाइयों के रखरखाव में लापरवाही: दो मेडिकल फर्मों पर वितरण की रोक

​देहरादून में ड्रग विभाग और विधिक सेवा प्राधिकरण की संयुक्त छापेमारी में भारी अनियमितता पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की गई है।

  • कार्रवाई: गंदगी, सीलन और फंगस लगी दवाइयां मिलने पर ‘मेडिकोन फार्मा’ और ‘वेलकम डिस्ट्रीब्यूटर’ से दवाइयों के वितरण पर तत्काल रोक लगा दी गई है।
  • लापरवाही: निरीक्षण में पाया गया कि एक्सपायरी दवाइयों के निस्तारण की कोई व्यवस्था नहीं थी और दवाइयां सीधे धूप व फर्श पर रखी थीं।
  • नमूने: टीम ने 8 दवाओं के नमूने जब्त किए हैं। नियमों में सुधार न होने पर लाइसेंस निरस्त करने की चेतावनी दी गई है।