देहरादून/हरिद्वार/हल्द्वानी। उत्तराखंड में मौसम विभाग के रेड अलर्ट के बीच मैदानी से लेकर पहाड़ी इलाकों में मूसलाधार बारिश का दौर जारी है। भारी वर्षा के कारण नदी-नालों का जलस्तर बढ़ने और कई क्षेत्रों में जलभराव के बाद जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। हरिद्वार और देहरादून में जहां अधिकारी ग्राउंड जीरो पर उतरकर रेस्क्यू और सुरक्षात्मक कार्यों में जुटे हैं, वहीं नैनीताल जिले में जनसमस्याओं के निस्तारण और विकास योजनाओं की समीक्षा का काम भी तेजी से चल रहा है।
हरिद्वार: ढहा मकान, फायर सर्विस ने मलबे से 4 लोगों को सुरक्षित निकाला
हरिद्वार के रेलवे रोड काली कमली क्षेत्र में गुरुवार को एक मकान अचानक ढह जाने से हड़कंप मच गया। हादसे में चार लोग मलबे के अंदर फंस गए। सूचना मिलते ही फायर सर्विस मायापुर की टीम लीडिंग फायरमैन नरेंद्र सिंह तोमर के नेतृत्व में तत्काल मौके पर पहुंची। टीम ने बिना समय गंवाए राहत एवं बचाव अभियान चलाकर मलबे में फंसे चारों लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। इनमें से एक बीमार व्यक्ति को स्ट्रेचर की मदद से बाहर लाया गया। इसके अतिरिक्त, काली कमली धर्मशाला के पास एक पेड़ गिरने से फंसे दो अन्य लोगों को भी फायर, पुलिस और एनडीआरएफ की संयुक्त टीम ने सुरक्षित रेस्क्यू किया।
जलभराव से निपटने के लिए प्रशासन अलर्ट, गंगा का जलस्तर नियंत्रण में

हरिद्वार जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी मीरा रावत ने बताया कि जनपद में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण रुड़की, लक्सर, मंगलौर और भगवानपुर के कई रिहायशी इलाकों और सड़कों पर जलभराव की स्थिति बनी हुई है। रुड़की के बसेड़ी तालाब के पास एक निर्माणाधीन भवन में पानी भरने से फंसे दो व्यक्तियों को एसडीआरएफ की टीम ने सुरक्षित निकाला। वहीं, भगत सिंह चौक के पास रेलवे पुलिया के नीचे फंसी एक बस को भी रेस्क्यू टीम ने सुरक्षित बाहर किया। राहत की बात यह है कि जनपद में किसी भी प्रकार की जनहानि या पशुहानि की सूचना नहीं है। भीमगोड़ा बैराज पर शाम 4 बजे गंगा का जलस्तर 290.95 मीटर दर्ज किया गया, जो खतरे के निशान से नीचे है।
देहरादून: ग्राउंड जीरो पर उतरे डीएम, सपेरा बस्ती का लिया जायजा

देहरादून में मूसलाधार बारिश के बीच जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने खुद कमान संभाली। उन्होंने सहस्रधारा, कार्लीगाढ़ और अति-संवेदनशील सपेरा बस्ती का स्थलीय निरीक्षण किया। सहस्रधारा-सरोना मार्ग पर चार स्थानों पर आए मलबे को साफ करने के लिए डीएम ने पीएमजीएसवाई को तत्काल जेसीबी मशीनें लगाने के निर्देश दिए। कार्लीगाढ़ में नदी पार रह रहे परिवारों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए तहसील प्रशासन को उनके फोन नंबर कंट्रोल रूम में दर्ज करने और आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने को कहा गया। सपेरा बस्ती में असुरक्षित मकानों में रह रहे लोगों को फौरन सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट करने के कड़े निर्देश जारी किए गए हैं।
कोटाबाग में वृहद जन कल्याणकारी शिविर: 190 शिकायतों का मौके पर निस्तारण

राज्य सरकार के ‘सेवा, सुशासन एवं समर्पण अभियान’ के तहत कालाढूंगी (कोटाबाग) के विकास खंड सभागार में ‘जन-जन की सरकार, जन के द्वार’ कार्यक्रम के अंतर्गत एक विशाल शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में क्षेत्र की जनता द्वारा सड़क, सफाई, सिंचाई और कृषि से संबंधित कुल 250 शिकायतें दर्ज कराई गईं, जिनमें से 190 का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। इस अवसर पर सांसद अजय भट्ट और विधायक बंशीधर भगत ने मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के तहत 16 लाभार्थियों को 13 लाख रुपये के चेक तथा 6 महिलाओं को महालक्ष्मी किट वितरित किए। सांसद भट्ट ने पशुपालकों को आपातकालीन सेवा ‘1962’ का लाभ उठाने की भी अपील की।
हल्द्वानी: जल जीवन मिशन की समीक्षा, वंचित गांवों को जोड़ने के निर्देश
हल्द्वानी में मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार पाण्डे की अध्यक्षता में जल जीवन मिशन की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। सीडीओ ने पेयजल निगम और जल संस्थान के अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजना से वंचित रह गए गांवों को भी तत्काल इससे जोड़ा जाए। उन्होंने विद्यालयों और आंगनवाड़ी केंद्रों में पेयजल आपूर्ति दुरुस्त करने के लिए 1000 लीटर क्षमता की पानी की टंकियां उपलब्ध कराने को प्राथमिकता देने को कहा। बैठक में बताया गया कि जनपद के 1008 गांवों के लिए स्वीकृत 518 पेयजल योजनाओं में से 364 का कार्य पूरा हो चुका है और शेष पर कार्य जारी है।












