कांवड़ महायात्रा 2026: 6000 जवान, 13 पैरामिलिट्री कंपनियां और 10 ड्रोन… अभेद्य सुरक्षा घेरे में हरिद्वार

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उत्तराखंड पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों की देखरेख में रोशनाबाद स्थित बहुउद्देशीय भवन में कांवड़ मेला 2026 के लिए एक विस्तृत सुरक्षा ब्रीफिंग आयोजित की गई। इस बार कांवड़ महायात्रा की सुरक्षा और सुचारू संचालन का जिम्मा 6000 से अधिक पुलिसकर्मियों और पैरामिलिट्री फोर्स की 13 कंपनियों के कंधों पर होगा। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के उद्देश्य से पूरे मेला क्षेत्र को 18 सुपर जोन, 40 जोन और 141 सेक्टरों में विभाजित किया गया है। सुपर जोन का नेतृत्व एएसपी स्तर के अधिकारी करेंगे, जबकि जोनल और सेक्टर स्तर पर क्रमशः पुलिस उपाधीक्षक, निरीक्षक और थानाध्यक्ष कमान संभालेंगे। सुरक्षा में किसी भी चूक से बचने के लिए बीडीएस और डॉग स्क्वाड की 4 टीमों को 24 घंटे अलर्ट मोड पर रखा गया है, वहीं एसपी सिटी को इस आयोजन का नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।

ब्रीफिंग के दौरान एडीजी अपराध एवं कानून व्यवस्था वी. मुर्गेशन और गढ़वाल परिक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि यात्रा को चुनौतीपूर्ण मानते हुए सतर्कता के साथ अपनी ड्यूटी निभाएं। असामाजिक तत्वों, डीजे पर भड़काऊ गानों, और सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों पर सख्त नजर रखने के आदेश दिए गए हैं। गढ़वाल आयुक्त आनंद स्वरूप और जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने भी प्रशासन और पुलिस के बीच बेहतर समन्वय पर जोर दिया। इसके अलावा, पूरे मेला क्षेत्र की निगरानी 10 ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी नेटवर्क के जरिए की जाएगी। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 24 घंटे पुलिस, फायर और मेडिकल सहायता केंद्र सक्रिय रहेंगे। साथ ही, ड्यूटी पर तैनात जवानों के वेलफेयर, भोजन, स्वास्थ्य और सुरक्षा का विशेष ध्यान रखा जाएगा, और उत्कृष्ट कार्य करने वाले जवानों को प्रतिदिन सम्मानित भी किया जाएगा।