निरंजनी अखाड़ा की जमात प्रयागराज कुंभ के लिए रवाना

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महाकुंभ मेला अखाड़ों का सबसे बड़ा पर्व: रवींद्र पुरी

हरिद्वार: तपोनिधि श्री पंचायती अखाड़ा निरंजनी के रमता पंचों की जमात शुक्रवार को प्रयागराज महाकुंभ के लिए रवाना हुई। अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद एवं मनसा देवी मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष श्रीमहंत रविंद्रपुरी महाराज, निरंजनी अखाड़े के सचिव श्रीमहंत रामरतन गिरी ने जय गंगा मैया के उद्घोष के साथ रेलवे स्टेशन से जमात को प्रयागराज रवाना किया।
श्रीमहंत रविंद्रपुरी महाराज ने कहा कि महाकुंभ मेला अखाड़ों का सबसे बड़ा पर्व है। सभी तेरह अखाड़े महाकुंभ में शामिल होते हैं। महाकुंभ में लगने वाले अखाड़ों के शिविरों से प्रसारित होने वाले संत महापुरूषों के उपदेशों से पूरी दुनिया को मार्गदर्शन मिलता है। सनातन धर्म संस्कृति का पूरे विश्व में प्रसार होता है।

निरंजनी अखाड़े के सचिव श्रीमहंत रामरतन गिरी महाराज ने बताया कि 30 दिसंबर को प्रयागराज में संत महापुरूषों के सानिध्य में अखाड़े की धर्म ध्वजा स्थापित की जाएगी। 4 जनवरी 2025 को शोभायात्रा नगर भम्रण के लिए निकाली जाएगी और छावनी प्रवेश होगा।
इस अवसर पर श्रीमहंत नरेश गिरी, श्रीमहंत शिव वन, स्वामी रविपुरी, स्वामी राजगिरी, स्वामी आलोक गिरी, दिगंबर नीलकंठ गिरी, दिगंबर राकेश गिरी, दिगंबर राधेश्याम पुरी, दिगंबर राजेंद्र भारती, दिगंबर रामसेवक सहित हजारों की संख्या में अखाड़े के संत महापुरूष प्रयागराज रवाना हुए।