हरिद्वार पुलिस ने 19 वर्षीय अनवर के अपहरण, हत्या और फिरौती के मामले का खुलासा कर दिया है। 6 सितंबर को अनवर के लापता होने के बाद, उसके परिवार से ₹25 लाख की फिरौती मांगी गई थी। पुलिस जांच में पता चला कि मुख्य आरोपी अमजद, एक दर्जी है और अनवर की ही दुकान में किराए पर काम करता था।
पूछताछ में अमजद ने बताया कि पैसों की तंगी के कारण उसने इस अपराध की साजिश रची और इसके लिए उसने दो महीने तक क्राइम पेट्रोल देखकर योजना बनाई। उसने अनवर से दोस्ती बढ़ाई और 6 सितंबर को उसे चाय में नींद की गोलियां मिलाकर दीं। जब अनवर बेहोश हो गया, तो अमजद ने अपने एक साथी, फरमान उर्फ लालू, के साथ मिलकर गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी, क्योंकि उसे पकड़े जाने का डर था।
इसके बाद, दोनों ने शव को बोरे में भरकर बाइक से नहर में फेंक दिया। रास्ते में बाइक पंचर होने पर उन्होंने ई-रिक्शा का सहारा लिया। इसके बाद, उन्होंने अनवर के जीजा को फिरौती के लिए फोन किया। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल, ई-रिक्शा, मृतक का फोन और बोरा बरामद कर लिया है। पुलिस फिलहाल नहर में शव की तलाश कर रही है।













